| 12. SK Gillette Schnellschach-Open 2007 |
von Frank Hoppe
15. Dezember 2007 in der Kantine der Firma Gillette
Ausschreibung
 | | Frank Hoppe | | Erneut Turniersieger: FIDE-Meister Steve Berger | |
Jörg Dippe, der beruflich stark in Polen für seinen Arbeitgeber Gillette eingespannt ist, sparte nicht mit Zeit und Geld, um wieder zum beliebten Gillette-Schnellschach-Open einzuladen. 74 Spieler, darunter zahlreiche internationale Titelträger und unzählige Spieler mit einer Wertungszahl von über 2000, folgten seiner Einladung. Bernhard Riess hatte die Turnierleiter-Zügel fest in der Hand und sorgte für einen zügigen Ablauf.
Die Beliebtheit des Turniers wird nicht nur durch das bunte Teilnehmerfeld symbolisiert - es kamen nicht nur Spieler aus Berlin, sondern auch aus den umliegenden Bundesländern - sondern auch durch prominente Kiebitze, wie z.B. den frischgebackenen Großmeister Rainer Polzin.
Die erste Runde begann für zwei Meister nicht ganz so geplant wie vorgesehen. Vorjahressieger und Bundesligaspieler FM Steve Berger hatte Auslosungspech (Nachpaarung wegen Zuspätkommens) und wurde gleich mit FM Ulrich Schwekendiek "vermählt", dem er mit Weiß unterlag. Schwekendiek startete mit 5 aus 5 phänomenal, konnte sein Tempo in Hälfte Zwei aber nicht mehr halten: ½ aus 4.
Großmeister Sergej Kalinitschew stellte gegen Gillette-Klubkamerad René Schildt (TWZ 1823) die Dame ein, ließ dem in Runde 2 ein Remis gegen IM Drazen Muse folgen und fand sich an den hinteren Brettern wieder.
 | | Frank Hoppe | | Gefürchtet für sein ausdrucksstarkes Schach: Philippe Vu. Hier beim Pausenblitz mit GM Sergej Kalinitschew | |
Den spektakulärsten Coup landete aber Philippe Vu. Obwohl vor der ersten Runde noch einmal auf ausgeschaltete Handys hingewiesen wurde, klingelte es bei Vu. Gegner Bernd Bresselschmidt beanspruchte sofort den ganzen Punkt, worauf Vu zaghaft auf seine Gewinnstellung hinwies. Weil das nichts nutzen würde, nahm er nebenbei das Gespräch am Handy auf. Das nach Gesprächsende das Handy noch zwei weitere Male klingelte, verstärkte nur die Gewinnansprüche seines Gegners. Ich kommentierte das ganze Geschehen vom Nebenbrett aus trocken mit "2:0" und "3:0".
 | | Frank Hoppe | | Klaus Tschauner | |
Ein auf Blitz- und Schnellturnieren oft gesehener Gast ist der ehemalige Münchner Bundesligaspieler Klaus Tschauner. 1979 stand er mit dem SC Anderssen Bavaria München (ab 1980 als Schachabteilung des FC Bayern München bekannter geworden) in der Endrunde um die Deutsche Mannschaftsmeisterschaft der BRD. Sein Klub belegte zwar damals den vierten und letzten Platz, doch Tschauner selbst blieb in drei Partien ungeschlagen und besiegte dabei den Nationalspieler IM Wolfram Bialas.
Beim Gillette-Open wurde er mit einer Wertungszahl von 1200 eingeteilt, wobei seine wahre Spielstärke sicher noch jenseits 2100 liegt. Eine DWZ hat er nicht.
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| Steve FM Berger | 2394 | SK Gillette | 7 | 1 | 1 | 7,5 | 52,5 | | Robert GM Rabiega | 2506 | SK Gillette | 7 | 1 | 1 | 7,5 | 50,5 | | Sebastian Schmidt-Schäffer | 2390 | SG TT/Wiheil | 7 | 0 | 2 | 7,0 | 51,5 | | Kamel Njili | 2000 | vereinslos | 7 | 0 | 2 | 7,0 | 47,0 | | Klaus Tschauner | 1200 | vereinslos | 7 | 0 | 2 | 7,0 | 43,5 | | Lars IM Thiede | 2356 | BA Tempelhof | 5 | 3 | 1 | 6,5 | 47,5 | | Sergej GM Kalinitschew | 2429 | SK Gillette | 6 | 1 | 2 | 6,5 | 46,5 | | Ilja Schneider | 2409 | HSK-Post Hannover | 5 | 2 | 2 | 6,0 | 49,0 | | Werner FM Reichenbach | 2318 | SG TT/Wiheil | 5 | 2 | 2 | 6,0 | 48,0 | | Peter FM Rahls | 2217 | SG Bund | 4 | 4 | 1 | 6,0 | 48,0 | | Hasan Krasnici | 2156 | SK Gillette | 5 | 2 | 2 | 6,0 | 47,5 | | Adam Steiner | 2164 | BA Tempelhof | 6 | 0 | 3 | 6,0 | 45,0 | | Jan-Dietrich FM Wendt | 2292 | Sfrd. Berlin 1903 e. | 6 | 0 | 3 | 6,0 | 45,0 | | Frank Hoppe | 2018 | SK Gillette | 5 | 2 | 2 | 6,0 | 44,5 | | Fredrik Polenz | 1720 | SF Hannover | 6 | 0 | 3 | 6,0 | 44,0 | | Ulrich FM Schwekendiek | 2227 | SC Rotation Pankow e | 5 | 1 | 3 | 5,5 | 57,0 | | Drazen IM Muse | 2355 | SK Gillette | 4 | 3 | 2 | 5,5 | 52,0 | | Gerhard FM Lüders | 2132 | SK Gillette | 5 | 1 | 3 | 5,5 | 50,5 | | Jerzy Struk | 2229 | | 5 | 1 | 3 | 5,5 | 47,5 | | Michail Sawlin | 2071 | TuS Makkabi Berlin e | 4 | 3 | 2 | 5,5 | 47,0 | | Manfred Jandke | 2076 | Sportverein Senftenb | 5 | 1 | 3 | 5,5 | 45,0 | | Rene Schildt | 1823 | SK Gillette | 5 | 1 | 3 | 5,5 | 40,5 | | Norbert Sprotte | 2178 | SK Gillette | 4 | 2 | 3 | 5,0 | 47,5 | | Milenko Mandic | 2057 | SK Aleksandar Matano | 5 | 0 | 4 | 5,0 | 46,0 | | Matthias Hahlbohm | 2060 | SV Senat | 5 | 0 | 4 | 5,0 | 44,0 | | Thomas Frübing | 2155 | SK Gillette | 5 | 0 | 4 | 5,0 | 43,5 | | Thomas Noack | 1957 | SV Preußen Frankfurt | 4 | 2 | 3 | 5,0 | 42,5 | | Uwe Zeidler | 1752 | SK Präsident RHWK | 4 | 2 | 3 | 5,0 | 41,0 | | Erik Allgaier | 1955 | SG BVG Helmholtz 55 | 5 | 0 | 4 | 5,0 | 41,0 | | Wolfram Burckhardt | 1937 | 1.Nichtraucher SC Be | 5 | 0 | 4 | 5,0 | 40,5 | | Wolfgang Schulz | 1984 | SC Zitadelle Spandau | 5 | 0 | 4 | 5,0 | 38,0 | | Tomas Segerberg | 1725 | SC EPA | 5 | 0 | 4 | 5,0 | 37,5 | | Philippe Vu | 2068 | ZIB/ACCSB | 5 | 0 | 4 | 5,0 | 36,0 | | Horst Schinagl | 1882 | SSG Lübbenau e.V. | 4 | 1 | 4 | 4,5 | 45,0 | | Uwe Arndt | 1865 | BSV 63 Chemie Weißen | 4 | 1 | 4 | 4,5 | 42,0 | | Gerhard Schumacher | 1824 | SG BVG Helmholtz 55 | 4 | 1 | 4 | 4,5 | 42,0 | | Burkhard Bornschein | 2012 | Schwarz-Weiß Neuköll | 4 | 1 | 4 | 4,5 | 41,5 | | André Kunz | 1867 | BSV 63 Chemie Weißen | 4 | 1 | 4 | 4,5 | 40,5 | | Anke Fischer | 1759 | SK Gillette | 4 | 1 | 4 | 4,5 | 39,0 | | Hermann Wege | 1683 | Schachclub Rathenow | 3 | 3 | 3 | 4,5 | 37,0 | | Ahmed Anibar | 2170 | SV Glück auf Rüdersd | 4 | 0 | 5 | 4,0 | 49,5 | | Dr. Herbert Mayer | 1886 | SC Rochade e.V. | 4 | 0 | 5 | 4,0 | 45,5 | | Martin Gebigke | 2076 | SK Präsident RHWK | 4 | 0 | 5 | 4,0 | 44,5 | | Florian Kugler | 1710 | USC Viadrina Frankfu | 4 | 0 | 5 | 4,0 | 44,5 | | Arnd Bader | 1848 | SK Soltau | 4 | 0 | 5 | 4,0 | 44,0 | | Nabil Hadj Sassi | 1934 | SK Gillette | 4 | 0 | 5 | 4,0 | 39,5 | | Leonid Sawlin | 1241 | TuS Makkabi Berlin e | 3 | 2 | 4 | 4,0 | 38,0 | | Ronald Beuger | 1622 | SSG Lübbenau e.V. | 3 | 2 | 4 | 4,0 | 37,0 | | Javier Pose Rodriguez | 1548 | SC EPA | 4 | 0 | 5 | 4,0 | 36,5 | | Pablo Leon-Villagra | 1466 | SV Springe | 2 | 4 | 3 | 4,0 | 36,5 | | Jens Sorgenfrei | 1540 | vereinslos | 4 | 0 | 5 | 4,0 | 36,0 | | Delco Mihajlovski | 1200 | SK Aleksandar Matano | 4 | 0 | 5 | 4,0 | 34,0 | | Ivan Kostic | 1593 | SK Aleksandar Matano | 4 | 0 | 5 | 4,0 | 31,5 | | Heinz Lüning | 1724 | SC Weisse Dame e.V. | 3 | 1 | 5 | 3,5 | 41,5 | | Rolf Bockelmann | 1717 | SV Senat | 3 | 1 | 5 | 3,5 | 39,5 | | Maik Kopischke | 1683 | SC Zugzwang 95 e.V. | 3 | 1 | 5 | 3,5 | 34,5 | | Jörg von Münchhausen | 1618 | PSC Hannover | 3 | 1 | 5 | 3,5 | 34,0 | | Anja Fritsche | 1205 | Schachverein Briesen | 2 | 3 | 4 | 3,5 | 32,5 | | Carolin Wolf | 1638 | SV Glück auf Rüdersd | 2 | 3 | 4 | 3,5 | 31,5 | | Vojo Katic | 1543 | SK Aleksandar Matano | 3 | 0 | 6 | 3,0 | 37,5 | | Bernd Bresselschmitt | 1425 | Schachclub Rathenow | 3 | 0 | 6 | 3,0 | 37,5 | | Zoran Laovic | 1368 | SK Aleksandar Matano | 3 | 0 | 6 | 3,0 | 37,5 | | Alexander Hinz | 1281 | Schachclub Rathenow | 1 | 4 | 4 | 3,0 | 34,0 | | Benno Jiranek | 1200 | SC Kreuzberg e.V. | 3 | 0 | 6 | 3,0 | 31,5 | | Frank Stemmler | 1450 | SG Eckturm | 3 | 0 | 6 | 3,0 | 30,5 | | Philipp Heinrich | 1215 | Schachverein Briesen | 3 | 0 | 6 | 3,0 | 29,5 | | Christoph Jachym | 1586 | SC Zugzwang 95 e.V. | 2 | 2 | 5 | 3,0 | 27,0 | | Ünsal Erdem | 1200 | vereinslos | 2 | 1 | 6 | 2,5 | 34,0 | | Falco Nogatz | 1624 | USC Viadrina Frankfu | 2 | 1 | 6 | 2,5 | 33,0 | | Gerd Berg | 1596 | SG TT/Wiheil | 2 | 1 | 6 | 2,5 | 29,5 | | Soydan Karasinan | 1200 | vereinslos | 2 | 0 | 7 | 2,0 | 30,0 | | Sina Rohrschneider | 1103 | Schachclub Rathenow | 1 | 2 | 6 | 2,0 | 27,0 | | Michael Sampels | 1408 | SC EPA | 0 | 3 | 6 | 1,5 | 25,5 | | Arthur Fieger | 1264 | Schwarz-Weiß Neuköll | 1 | 0 | 8 | 1,0 | 28,5 |
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 | | Frank Hoppe | | Kiebitzandrang beim "toten Remis" zwischen Gerhard Lüders und Werner Reichenbach. Besonders Leonid Sawlin studiert aufmerksam die Stellung. | |
 | | Frank Hoppe | | GM Robert Rabiega (links) wurde erst in der letzten Runde gestoppt. Für seinen Gegner Martin Gebigke begann mit dieser Niederlage in Runde 4 eine Durststrecke. | |
Grand Prix Wertung
Alle Runden
Fortschrittstabelle
Autoreninfo Frank Hoppe, Jahrgang 1964, hat die Internetpräsenz des Berliner Schachverbandes Ende 1996 ins Leben gerufen und betreut diese seitdem alleinverantwortlich. Er war außerdem von 1996 bis 2010 DWZ-Referent des Berliner Schachverbandes und von 2003 bis 2009 Referent der Wertungszentrale des Deutschen Schachbundes. Seit 2007 ist er Webmaster des Deutschen Schachbundes und seit 2010 Redakteur des BSV-Mitteilungsblattes.
BSV © 21.12.2007
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